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मुंबई की सड़कों पर अब तक पड़ चुके हैं 7083 गड्ढे

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मुंबई : इस मानसून के दौरान मुंबई की सड़कों पर कुल 7,083 गड्डों की शिकायत आम नागरिकों के द्वारा मनपा को मिल चुकी है। नागरिकों की शिकायतों के अलावा कितने गड्ढे सड़क पर होंगे गिनती नहीं है। मुंबई की सड़कों पर इतने गड्डों की । संख्या उस समय सामने आई है जब 50 प्रतिशत से अधिक सड़कें सीमेंट कंक्रीट बन चुकी हैं, जबकि 40 प्रतिशत सड़क का काम सीमेंट कंक्रीट का चल रहा है, जिसकी मरम्मत की जिम्मेदारी ठेकेदार पर है। मनपा की वेबसाइट पर गड्डों को लेकर आने वाली शिकायत में 30 जुलाई तक 7,083 गड्डों की शिकायत आम नागरिकों से मिल चुकी है। इनमें से 5,710 शिकायतों का समाधान गड्ढे की मरम्मत कर किया जा चुका है, जबकि 1,373 गड्डों की मरम्मत का कार्य अभी जारी है। गड्डों को लेकर ज्यादा शिकायतें एस वॉर्ड से दर्ज की गई हैं, जिसमें पवई और भांडुप के कुछ हिस्से आते हैं।

यस वार्ड में कुल 1,445 गड्डों की शिकायतें प्राप्त हुई हैं। इस साल मनपा ने ‘माय पॉटहोल क्विक फिक्स’ नाम का ऐप लॉन्च किया है। जिस पर नागरिक गड्डों से संबंधित शिकायतें सीधे दर्ज कर सकते हैं। इसके अलावा सोशल मीडिया, व्हाट्सएप चैटबॉट और आपदा प्रबंधन हेल्पलाइन नंबर 1916 के माध्यम से भी शिकायतें दर्ज की जा सकती हैं। शिकायत मिलने के बाद मनपा का लक्ष्य होता है कि 24 से 48 घंटे के भीतर गड्डों को भरा जाए। गड्डों की मरम्मत के लिए इस साल मनपा ने हर वार्ड में दो मॅस्टिक कुकर तैनात किए हैं। एक 9 मीटर से बड़े गड्डों के लिए और दूसरा छोटे गड्डों के लिए। एस वॉर्ड के बाद सबसे अधिक 643 शिकायत के पश्चिम वार्ड से दर्ज की गई हैं जिसमें अंधेरी, जुहू और ओशिवरा जैसे क्षेत्र शामिल हैं। इनमें से 583 शिकायतों को हल किया गया है, 56 पर काम जारी है और 5 शिकायतें समीक्षा के अधीन हैं। तीसरे स्थान पर मुलुंड है जहां अब तक 582 शिकायतें दर्ज की गई हैं। मनपा के एक अधिकारी ने बताया कि ज्यादातर डामर या पेवर ब्लॉक सड़कों से मिल रही हैं, जिन्हें मॅस्टिक पद्धति से ठीक किया जा रहा है। इस बीच 26 जुलाई 2025 को अंधेरी ईस्ट के जोगेश्वरी-विक्रोली लिंक रोड पर एक 59 वर्षीय व्यक्ति, लालू गंगाराम कांबळे की गड्ढे के कारण मौत हो गई। उनका स्कूटर एक गहरे गड्ढे से टकरा गया, जिससे वे नियंत्रण खो बैठे और पीछे से आ रहे डंपर की चपेट में आ गए। यह मुंबई में 2025 में गड्ढे से संबंधित पहली मौत थी।