Home Crime डरावना हवाई सफर! एक महीने में १० से अधिक इमरजेंसी लैंडिंग

डरावना हवाई सफर! एक महीने में १० से अधिक इमरजेंसी लैंडिंग

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मुंबई, हवाई सफर को सबसे सुरक्षित सफर माना जाता है। परंतु दौड़ती भागती जिंदगी में जिस विमान के जरिए हम हजारों किलोमीटर का सफर महज कुछ मिनटों में तय करते हैं, अब वह हवाई सफर डरावना सफर साबित हो रहा है। ऐसा हम इसलिए कह रहे हैं, क्योंकि पिछले कई दिनों में विमान कंपनियों से जुड़ी ऐसी खबरें सामने आई हैं, जिसने हवाई सफर पर सवाल खड़े कर दिए हैं। इन घटनाओं ने किसी अनहोनी की घंटी बजा दी है। हवाई सफर से जुड़ी इमरजेंसी लैंडिंग की बात करें तो गत एक महीने में १० से अधिक विमानों की इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी है।
पिछले कई दिनों से हम विमानन कंपनी स्पाइसजेट के विमान में आ रही तकनीकी गड़बड़ी और इमरजेंसी और प्रायोरिटी लैंडिंग जैसी घटना के बारे में सुन और देख रहे थे लेकिन अब इंडिगो एयरलाइंस भी इस ‘डरावना सफर’ वाली लिस्ट में शामिल हो गया है। दरअसल, हाल ही में दिल्ली से वडोदरा जा रहे एक इंडिगो विमान की इमरजेंसी लैंडिंग की खबर सामने आई। इससे न सिर्फ विमान पर बैठे यात्रियों की जान पर बन आई बल्कि लगातार हवाई सफर करनेवाले लोग भी डरे-सहमे हैं। अभी तक लैंडिंग विंडशील्ड में दरार, धुआं, बर्ड हिट, बैगेज डोर में कोई दिक्कत होने की वजह से करवाई गई है।
हाल ही में हुई ताजा घटना की बात करें तो १४ जुलाई यानी गुरुवार को दिल्ली से वडोदरा जा रहे इंडिगो विमान ६ ई-८५९ की जयपुर में इमरजेंसी लैंडिंग हुई। इंजन में वाइब्रेशन होने के बाद ये इमरजेंसी लैंडिंग करवाई गई। इसे लेकर डीजीसीए का बयान भी सामने आया था। जिसमें बताया गया कि मामले की जांच के आदेश दे दिए गए हैं। किन कारणों की वजह से इंडिगो के इंजन में यूं वाइब्रेशन हुई, ये अभी तक स्पष्ट नहीं है। कितने यात्री विमान में सवार थे। एयरलाइन ने इस बात की भी जानकारी नहीं दी। सिर्फ इतना कहा गया था कि कुछ तकनीकी खराबी की वजह से दिल्ली से वडोदरा जा रहे विमान की जयपुर में इमरजेंसी लैंडिंग करवाई गई। सिर्फ इंडिगो ही नहीं स्पाइसजेट भी इमरजेंसी लैंडिंग को लेकर इन दिनों चर्चा में है। स्पाइसजेट की बात करें तो करीब १८ दिनों में ८ से ज्यादा विमानों की इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई, अब इस लिस्ट में इंडिगो भी शामिल होता दिख रहा है। डीजीसीए के मुताबिक १९ जून से अब तक विमानों में तकनीकी खराबी के ८ मामले सामने आ चुके हैं। समीक्षा से पता चलता है कि सस्ती सेवा प्रदाता कंपनी सुरक्षित, प्रभावी और विश्वसनीय हवाई सेवा मुहैया कराने में ‘असफल’ रही है।