Home Crime रोजाना ३ तीन महिलाओं के साथ छेड़छाड़ और यौन उत्पीड़न

रोजाना ३ तीन महिलाओं के साथ छेड़छाड़ और यौन उत्पीड़न

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ठाणे, नवरात्रोत्सव में एक ओर नारीशक्ति आदिशक्ती की बातें की जा रही वहीं दूसरी ओर मुख्यमंत्री का गढ़ माने जानेवाले ठाणे जिले में महिलाओं पर अत्याचार के मामले दिन ब दिन बढ़ते ही जा रहे हैं। ठाणे पुलिस आयुक्तालय द्वारा मिली जानकारी अनुसार, पिछले ९ महीनों में महिलाओं पर अत्याचार के कुल ७५० से अधिक मामले सामने आए हैं। यदि इन आंकड़ों का औसत निकाला जाए तो मुख्यमंत्री के ठाणे में रोजाना ३ तीन महिलाओं के साथ छेड़छाड़ और यौन उत्पीड़न के मामले सामने आते हैं।
बता दें कि एक ओर मुख्यमंत्री शिंदे वर्तमान सरकार को गरीबों की सरकार बताते हैं वहीं नारीशक्ति और आदि शक्ति की बातें करते हैं। लेकिन मुख्यमंत्री का गढ़ माने जानेवाले ठाणे में ही महिलाएं असुरक्षित नजर आ रही है। महिलाओं से छेड़छाड़ और उत्पीड़न मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। ठाणे शहर सहित ठाणे पुलिस आयुक्तालय में आनेवाले ५ परिमंडलों में पिछले नौ महीनों में महिलाओं पर अत्याचार के ७५० से अधिक मामले दर्ज किए गए हैं। जिसमें छेड़छाड़ के ४८० और अति गंभीर मामलों के २७० मामलों का समावेश हैं।
जनवरी से सितंबर २०२३ के बीच आयुक्तालय के पांच परिमंडलों में महिलाओं से दुष्कर्म और प्रताड़ना के ७५० मामले दर्ज किए गए हैं। पुलिस आंकड़ों के मुताबिक, हर महीने छेड़छाड़ के औसतन ५० और गंभीर मामलों के ३० मामले सामने आते हैं। छेड़छाड़ के ४८० मामलों के सभी आरोपियों को पकड़ लिया गया है।
सामाजिक कार्यकर्ता प्रियंका शाद का कहना है कि महिलाओं के खिलाफ बलात्कार और गंभीर अपराधों की संख्या चौंकाने वाली है। लेकिन ये आंकड़ा सिर्फ उन महिलाओं का है जो आगे आईं। ऐसी कई महिलाएं हैं जो डर के कारण, बदनामी से बचने के लिए या पुलिस स्टेशन और अदालतों के चक्कर लगाने से बचने के लिए सामने नहीं आती हैं। इसलिए, कई अपराध दर्ज नहीं होते और अपराधी छूट जाता है। सरकार को इस अपराध के लिए सख्त कानून बनाना चाहिए ताकि हत्यारों पर लगाम लगाई जा सके।
कुछ महीने पहले, मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के निवास स्थान के करीब पाचपाखाडी इलाके में एक छात्र ने अपनी इज्जत बचाने के लिए चलती रिक्शा से छलांग लगाकर अपनी रक्षा की थी। वहीं डोंबिवली में भी दो रिक्शा चालकों ने मंदिर से दर्शन कर घर लौट रही महिला से चलती रिक्शा में छेड़छाड़ की कोशिश की थी।