विरार : वसई-विरार में जर्जर इमारतें लोगों के लिए जी का जंजाल बनती जा रही हैं। विरार (पूर्व) गावडवाडी क्षेत्र में चार मंजिला जर्जर इमारत की गैलरी का हिस्सा गिर गया। हालांकि, हादसे में कोई हताहत नहीं हुआ है। मौके पर पहुंचे मनपा अधिकारियों ने इमारत को खाली करवा लिया। इमारत में 32 परिवार रहते थे, जो अब बेघर हो गए हैं। बताया जा रहा है कि इमारत 30 साल पुरानी थी। बता दें कि गावडवाडी में पंचरत्न इमारत है। इसमें 32 फ्लैट हैं। शुक्रवार शाम इमारत की गैलरी की हिस्सा गिर गया। उस वक्त वहां कोई मौजूद नहीं था । सूचना के बाद मौके पर पहुंचे मनपा के अधिकारियों ने रहिवासियों से इमारत खाली करने के लिए कहा, लेकिन कोई इसके लिए तैयार नहीं था। मनपा ने पुलिस और सुरक्षा बल बुलाया और
मॉनसून में महापालिका ने दिया था नोटिस
इमारत खाली कराई। देर रात लोग सामान लेकर यहां-वहां भटक रहे थे। इमारत के आस-पास घनी बस्ती है, जिससे उसे तोड़ने में दिक्कतें आ रही हैं। सूत्रों के अनुसार, 30 साल पहले इमारत को अवैध तरीके से बनाया गया था। मनपा ने मॉनसून से पहले बिल्डर को रिपेयरिंग का नोटिस दिया था, लेकिन उसने काम नहीं कराया। शिवसेना (यूबीटी) नेता सुरेन्द्र सिंह राज ने कहा कि जर्जर इमारतों पर मनपा को गंभीरता दिखानी चाहिए, वरना आने वाले दिनों में खतरनाक परिणाम हो सकते हैं।
अवैध निर्माण मामले में बिल्डर्स को ED का नोटिस
कल्याण-डोंबिवली में महारेरा घोटाले की 65 अवैध इमारत के मामले में बड़ा ऐक्शन हुआ है। ठाणे आर्थिक अपराध शाखा और प्रवर्तन निदेशालय ने 65 बिल्डरों को नोटिस जारी किया है। इस मामले में ईडी की एंट्री होने के बाद कई बड़े खुलाने होने की उम्मीद है। बता दें कि मॉनसून सत्र में भी अवैध इमारतों का मुद्दा उठाया गया था। उस समय सरकार ने बिल्डरों और इमारतों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया था। इसके अलावा, इस संबंध में बॉम्बे हाई कोर्ट में एक याचिका भी दायर की गई थी और कुछ दिन पहले ही इस मामले में ईडी की सुनवाई हुई थी और अब तक की गई कार्रवाई पर सवाल उठाए गए थे।
इसके बाद आर्किटेक्ट संदीप पाटील ने हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी, उन्होंने इसका फॉलोअप किया। हाई कोर्ट ने सभी इमारतों पर कार्रवाई करने का आदेश दिया। दूसरी तरफ, इमारतों में रहने वाले लगातार आंदोलन कर रहे हैं। लोगों ने कहा कि हमने अपने जीवनभर की पूंजी घर खरीदने में लगा दी है। नैशनल बैंक से लोन मिला, प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ मिला, लाइट बिल, पानी बिल, टैक्स भरने के बाद बिल्डिंगें अवैध कैसे हैं?
अगर सरकार को कार्रवाई करना ही है, तो उन लोगो पर करे, जिन्होंने फर्जी दस्तावेज दिखाकर हमें घर बेचे हैं। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उप-मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने वादा किया था कि किसी को भी बेघर नहीं होने दिया जाएगा और जांच के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।





Users Today : 7
Users Yesterday : 57
Users Last 7 days : 393
Users Last 30 days : 870
Users This Month : 354
Users This Year : 9304
Total Users : 70511
Views Today : 7
Views Yesterday : 81
Views Last 7 days : 546
Views Last 30 days : 1132
Views This Month : 491
Views This Year : 10528
Total views : 106551
Who's Online : 1


