Home Crime भारी बारिश के चलते मालाड और साकीनाका में चट्टानें खिसकीं

भारी बारिश के चलते मालाड और साकीनाका में चट्टानें खिसकीं

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मुंबई, सोमवार देर रात से ही मुंबई उपनगरों में भारी बारिश के चलते कई छिटपुट घटनाएं हुर्इं। लेकिन मंगलवार को सुबह साढ़े १० बजे तक मालाड के कुरार विलेज और कुर्ला के साकीनाका में पहाड़ की चट्टानें खिसकने से दो बड़ी घटनाएं हुर्इं। हालांकि इन दोनों घटनाओं में मात्र तीन लोग घायल हुए। मनपा ने सतर्कता बरतते हुए लगभग ४०० लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। इस घटना में दो लोगों को मामूली चोटें आई हैं। मालाड कुरार विलेज में यह घटना दूसरी बार हुई है। इससे पहले वर्ष २०१९ के जून में यहां फॉरेस्ट की रिजर्व वाल गिरने से ३२ लोगों की मौत हो गई थी। इस बार फिर अधिक बारिश होने से यहां रिजर्व वाल के पत्थर लोगों के झोपड़े पर गिरने लगे। जिसे देखते हुए मनपा और दमकल विभाग के कर्मचारी लोगों के बचाव में लग गए हैं। उधर, साकीनाका में एक घर पर पत्थर गिरा। एक व्यक्ति घायल होने की खबर है।
एक अन्य अधिकारी ने कहा कि मालाड के कुरार गांव के कम-से-कम १०० झोपड़ाधारकों को भूस्खलन की घटना के कारण दूसरे स्थान पर शिफ्ट किया गया है। उन्होंने कहा कि कुरार गांव के आंबेडकर नगर में सुबह करीब १०.३० बजे भारी पानी के बहाव के कारण पहाड़ी से चट्टानें खिसक गर्इं, क्योंकि पश्चिमी उपनगरों में भारी बारिश हुई थी। इस लिए यहां दुर्घटना की संभावना बनी हुई है। ऐसे में आस-पास के लोगों को हटाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस घटना में कोई घायल नहीं हुआ, लेकिन एहतियात के तौर पर इलाके से १०० लोगों को पारेख नगर के मनपा स्कूल में स्थानांतरित कर दिया गया। इसके अतिरिक्त किसी प्रकार की अप्रिय घटना से बचने के लिए मनपा वॉर्ड और वन विभाग के कर्मियों को मौके पर तैनात किया गया है।
अधिकारी ने कहा कि सोमवार की देर रात हुई एक घटना में साकीनाका में जीएमएम रोड पर सार्वजनिक शौचालय के पास एक घर के ऊपर कुछ पत्थर फिसल गए। अधिकारी ने कहा कि ४७ वर्षीय एक व्यक्ति घायल हो गया और उसे पास के एक नागरिक अस्पताल में ले जाया गया, जहां उसका इलाज किया गया और बाद में उसे छुट्टी दे दी गई।
मुंबई मनपा के अनुसार कल शाम ६ बजे तक महानगर में ४६.९६ मिमी, पूर्वी उपनगर में ६९.०६ मिमी और पश्चिमी उपनगर में ५०.३० मिमी वर्षा दर्ज की गई है। मुंबई में कुल ४ स्थानों पर शार्ट-सर्किट की सूचना मनपा के आपदा विभाग को प्राप्त हुई थी। कई बेस्ट बसों के रूट बदले गए। बेस्ट प्रशासन ने बसों के ४ रूट को बंद कर दिया और १८ बसों के मार्गों में परिवर्तन करना पड़ा।