Home Maharashtra इलेक्ट्रिक वाहन: २०२५ तक १० प्रतिशत रजिस्ट्रेशन का लक्ष्य

इलेक्ट्रिक वाहन: २०२५ तक १० प्रतिशत रजिस्ट्रेशन का लक्ष्य

43
0

मुंबई, राज्य की महाविकास आघाड़ी सरकार की बहुचर्चित महाराष्ट्र इलेक्ट्रिक वाहन पॉलिसी आ गई है। पॉलिसी के तहत इलेक्ट्रिक वाहन खरीदनेवालों की रजिस्ट्रेशन फीस माफ होगी, साथ ही रोड टैक्स भी नहीं लगेगा। पॉलिसी में दोपहिया से लेकर ट्रक तक खरीदने पर तथा चार्ज लगाने के लिए ५ हजार रुपए से लेकर २० लाख रुपए तक की प्रोत्साहन राशि देगी। यह प्रोत्साहन राशि राज्य सरकार ग्राहकों की बजाय वाहन निर्माताओं को ऑनलाइन देगी। आवासीय सोसायटियों, इमारतों, ऑफिस के पार्किंग कॉम्प्लेक्स में भी चार्जिंग स्टेशन लगाए जा सकेंगे। राज्य की एसटी और महानगर पालिकाओं की परिवहन सेवा में अधिक से अधिक इलेक्ट्रिक बसों का उपयोग किया जाएगा।
पिछले दिनों राज्य अतिथिगृह ‘सह्याद्रि’ में महाराष्ट्र के पर्यावरण मंत्री आदित्य ठाकरे ने इलेक्ट्रिक वाहन नीति २०२१ की घोषणा की थी। यह नीति ३१ मार्च २०२५ तक वैध रहेगी। पॉलिसी को आम आदमी तक रखते हुए आदित्य ठाकरे ने कहा कि २०२५ तक राज्य में १० प्रतिशत इलेक्ट्रिक वाहनों के रजिस्ट्रेशन का लक्ष्य है। राज्य में ३१ दिसंबर २०२१ से पहले इलेक्ट्रिक वाहन (ई-बस के अलावा) के लिए रजिस्ट्रेशन करनेवालों को वाहनों के बैटरी के आकार के आधार पर प्रोत्साहन राशि (अतिरिक्त छूट) दी जाएगी।
राज्य में पहले एक लाख इलेक्ट्रिक मोटर साइकिल खरीदने वालों को बैटरी के आकार के अनुसार ५ से १० हजार रुपए तक प्रोत्साहन राशि मिलेगी जबकि पहले १५ हजार ई तीन पहिया ऑटो खरीदने वालों को ५ से ३० हजार रुपए तक प्रोत्साहन राशि मिलेगी। पहले खरीदे जानेवाले १० हजार ई-तीन पहिया मालवाहक वाहनों को भी ५ हजार से ३० हजार रुपए तक प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। पहले १० हजार इलेक्ट्रिक कार (एम १) खरीदनेवालों के लिए ५ हजार से १ लाख ५० हजार रुपए, ई माल परिवहन वाहन (एम १) के लिए ५ हजार से अधिकतम १ लाख रुपए, ई बस के लिए वाहनों की कीमत का १० प्रतिशत से लेकर अधिकतम २० लाख रुपए तक प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए साल २०२५ तक सार्वजनिक और अर्ध सार्वजनिक चार्जिंग स्टेशन बनाने का लक्ष्य रखा है। मुंबई शहर समूह में १,५००, नासिक शहर समूह में १००, पुणे शहर समूह में ५०० और सोलापुर में २०, नागपुर में १५०, संभाजीनगर में ७५, अमरावती में ३० चार्जिंग स्टेशन बनाए जाएंगे। प्रति दस लाख जनसंख्या पर कम से कम ५० चार्जिंग स्टेशन लगाने की योजना है। साल २०२५ तक नागपुर-मुंबई समृद्धि महामार्ग, मुंबई-पुणे महामार्ग, मुंबई-नासिक महामार्ग, नासिक-पुणे महामार्ग के दोनों किनारे २५ किमी अंतर पर चार्जिंग स्टेशन लगा दिए जाएंगे। सभी सरकारी कार्यालयों में साल २०२५ तक कुल पार्किंग की जगह को १०० प्रतिशत इलेक्ट्रिक वाहन चार्जिंग स्टेशन की सुविधा में बदला जाएगा। हर तीन किलोमीटर पर चार्जिंग स्टेशन बनाया जाएगा।