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महिला के साथ दुष्कर्म करने वाले आरोपी को महाराष्ट्र पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया

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पुणे: महाराष्ट्र के पुणे के स्वारगेट बस स्टेशन पर एक महिला के साथ दुष्कर्म करने वाले आरोपी दत्तात्रेय गाडे को महाराष्ट्र पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इस घटना को लेकर पुलिस ने जानकारी दी है कि आरोपी को शिरूर तहसील में हिरासत में लिया गया है। पुलिस के अनुसार, दत्तात्रेय गाडे (37) नामक आरोपी ने 26 वर्षीय महिला के साथ मंगलवार सुबह पुणे के स्वारगेट बस स्टेशन पर एसटी बस के अंदर कथित तौर पर बलात्कार किया। आरोपी की पहचान गाडे के रूप में हुई है, जो कि एक हिस्ट्रीशीटर है और पुणे तथा अहिल्यानगर जिले में चोरी, डकैती और चेन स्नेचिंग जैसे कई अपराधों में शामिल रहा है। गाडे का नाम इन अपराधों में है और वह 2019 से जमानत पर बाहर था।
गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कार्रवाई
आपको बता दें कि आरोपी को पकड़ने के लिए राज्यभर में तेरह पुलिस टीमों को तैनात किया गया था। पुलिस ने आरोपी की खोज के लिए पुणे जिले के शिरूर तहसील में गन्ने की फसल वाले इलाकों में तलाशी अभियान चलाया। तलाशी में पुलिस ने खोजी कुत्तों और ड्रोन का भी उपयोग किया। शुक्रवार को आरोपी को शिरूर तहसील से गिरफ्तार किया गया। वहीं महाराष्ट्र के परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने इस घटना के बाद राज्य सरकार को निर्देश दिए हैं। उन्होंने महाराष्ट्र राज्य सड़क परिवहन निगम के सभी बस स्टेशनों और डिपो की सुरक्षा की जांच करने के आदेश दिए। इसके साथ ही सरनाईक ने एक IPS अधिकारी को मुख्य सुरक्षा और सतर्कता अधिकारी के पद पर नियुक्त करने का प्रस्ताव भेजने की बात की। यह पद जून 2022 से खाली था।
महिला सुरक्षा के लिए उठाए गए कदम

इसके साथ ही सरनाईक ने अधिकारियों को महिला सुरक्षा गार्ड तैनात करने का निर्देश दिया है, ताकि महिलाएं सुरक्षित महसूस कर सकें। इसके अलावा, बस स्टेशनों और डिपो पर पुलिस गश्त को बढ़ाने के लिए भी कहा गया है। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने का आदेश दिया कि डिपो प्रबंधक घटनाओं पर नजर रखें और सुविधाओं पर मौजूद रहें, ताकि ऐसी घटनाएं फिर से न हों।
पुणे में घटित यह घटना बेहद दुखद है, लेकिन पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया है। इस घटना के बाद राज्य सरकार और MSRTC ने सुरक्षा में सुधार लाने के लिए जरूरी कदम उठाने का निर्णय लिया है। इससे यह उम्मीद जताई जा रही है कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति नहीं होगी और बस स्टेशनों और डिपो पर सुरक्षा व्यवस्था सख्त होगी।